आपको हो क्या गया है..??
कल तक आप सबके चहेते थे..
आज आपको हो क्या गया है..?
आपको लगता है..
लोग बदल गए है..
मगर नहीं..
आप ही बदल गए है..।
सूर्य को फर्क नहीं पड़ता कि..
कौन उसके ऊपर कीचड़ उछालता है..
या फिर पानी उछालता है..
वो तो सबपे..
एक समान रोशनी का बौछार करता है..।
आप तो सूर्य से थे..
तो फिर,
आजकल एक आंगन के,
दीपक क्यों बन गए है..??
खुद को देखिए जनाब..
आपको हो क्या गया है..??
कल तक आप सबके चहेते थे..
आज आपको हो क्या गया है..?
माना कि लोग गलत है..
मगर,वो सही ही कब थे..
बिच्छु काटना,और
शेर दहाड़ना तो बंद नही करेंगे..
वो कल भी ऐसे थे..
और आज भी ऐसे ही है..
मगर आपको क्या हो गया है..??
आप तो ऐसे नहीं थे..??
किसी को कोई फर्क नही पड़ेगा..
आपके बदलने से..
आपके चाहने वाले थोड़ा हताश और निराश होंगे..
और कुछ दिनों बाद उन्हें आदत हो जाएगी..।
मगर आपका क्या होगा..??
क्या आप कभी..
स्वयं को आईने में देख पाएंगे..?
क्या आप कभी अकेले में..
स्वयं से नजरें मिला पाएंगें..?
खुद को देखिए जनाब..
आपको हो क्या गया है..??
कल तक आप सबके चहेते थे..
आज आपको हो क्या गया है..??
लोग नहीं बदलते..
हम ही बदल जाते है..
और हमें लगता है..
लोग बदल गए है..।





